मेरठ में भोर से मूसलाधार बारिश, निचले इलाकों में जलभराव, आंधी-बारिश का अलर्ट

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रिपोर्ट- मनीष परासर 

मेरठ: पश्चिमी उत्तर प्रदेश के मेरठ और आसपास के जिलों में गुरुवार तड़के मौसम ने करवट ली। सुबह करीब 4:30 बजे शुरू हुई तेज बारिश के कारण शहर के कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई। पिछले कुछ दिनों से उमस और गर्मी का सामना कर रहे लोगों को बारिश के बाद तापमान में गिरावट से राहत मिली। हालांकि, दूसरी ओर निचले इलाकों और कुछ प्रमुख सड़कों पर पानी भरने से लोगों को आवागमन में परेशानी हुई।

सुबह के समय हुई तेज बारिश के कारण स्कूल, दफ्तर और अन्य जरूरी कामों के लिए घरों से निकलने वाले लोगों को कई स्थानों पर जलजमाव का सामना करना पड़ा। सड़कों पर पानी जमा होने से वाहन चालकों को भी सावधानी के साथ गुजरना पड़ा। वहीं, बारिश के बाद मौसम अपेक्षाकृत सुहावना हो गया और तापमान में गिरावट महसूस की गई।

भोर से शुरू हुई तेज बारिश

मेरठ में गुरुवार सुबह करीब 4:30 बजे बारिश शुरू हुई। शुरुआत में बारिश तेज रही और कुछ समय तक लगातार पानी बरसता रहा। इसके बाद शहर के कई हिस्सों में सड़क और गलियों में पानी जमा हो गया।

निचले इलाकों में जलनिकासी प्रभावित होने के कारण पानी निकलने में समय लगा। इसके चलते स्थानीय लोगों को रोजमर्रा के कामों के लिए बाहर निकलने में परेशानी हुई। प्रमुख मार्गों पर भी जलभराव का असर देखने को मिला।

बारिश के दौरान कई लोग घरों में ही रहे, जबकि आवश्यक कार्य से बाहर निकलने वाले लोगों ने जलभराव वाले रास्तों से होकर आवागमन किया। बारिश के कारण सुबह के समय यातायात की रफ्तार भी कुछ स्थानों पर प्रभावित रही।

जलभराव से लोगों की बढ़ी परेशानी

तेज बारिश के बाद शहर के निचले इलाकों में पानी भरना एक बार फिर चुनौती बन गया। कई मोहल्लों और सड़कों पर जलभराव के कारण लोगों को पैदल आने-जाने में भी परेशानी हुई। वाहन चालकों को पानी भरी सड़कों से गुजरते समय अतिरिक्त सावधानी बरतनी पड़ी।

स्थानीय स्तर पर जलनिकासी व्यवस्था को लेकर लोगों की चिंताएं भी सामने आती रही हैं। तेज बारिश के दौरान कम समय में बड़ी मात्रा में पानी गिरने पर निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन जाती है।

हालांकि, बारिश से तापमान में कमी आने के कारण उमस से परेशान लोगों को राहत मिली। लंबे समय से गर्म और उमस भरे मौसम के बाद हुई बारिश ने वातावरण को ठंडा किया।

दोपहर में आंधी और बारिश के आसार

मौसम पूर्वानुमान के अनुसार, गुरुवार को मेरठ में दिनभर मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। धूप और बादलों की आवाजाही के बीच दोपहर के समय गरज-चमक के साथ आंधी चलने तथा बारिश होने की संभावना जताई गई है।

मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक, मेरठ में अधिकतम तापमान करीब 31 डिग्री सेल्सियस रह सकता है, जबकि न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया गया है।

दिन के दौरान बादल छाने और बारिश होने से तापमान में बहुत अधिक बढ़ोतरी की संभावना कम है। हालांकि, बारिश के बीच कुछ समय के लिए धूप निकलने से मौसम में फिर बदलाव हो सकता है।

रात में भी बारिश की संभावना

दिन के अलावा रात के समय भी मौसम पूरी तरह साफ रहने की संभावना नहीं है। पूर्वानुमान के अनुसार, रात में फिर से बादल छा सकते हैं। कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश या बौछारें पड़ने की संभावना है।

ऐसे में लोगों को मौसम में होने वाले बदलाव को देखते हुए जरूरी सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। खासकर बारिश और आंधी के दौरान खुले स्थानों में अनावश्यक रूप से रुकने से बचना उपयोगी रहेगा।

इन जिलों के लिए भी मौसम अलर्ट

उपलब्ध मौसम चेतावनी के अनुसार मेरठ के साथ पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई अन्य जिलों में भी गरज-चमक और बारिश की संभावना जताई गई है। इनमें मुजफ्फरनगर, शामली, अमरोहा, बागपत, बुलंदशहर, गाजियाबाद और हापुड़ शामिल हैं।

इन क्षेत्रों में अगले कुछ घंटों के दौरान बिजली चमकने, गरज-चमक के साथ मध्यम से तेज बारिश होने की संभावना बताई गई है। मौसम की स्थिति को देखते हुए लोगों को स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की ओर से जारी होने वाले अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है।

विशेष रूप से बारिश और तेज हवाओं के दौरान वाहन चालकों को गति नियंत्रित रखने तथा जलभराव वाले रास्तों पर सावधानी से गुजरने की जरूरत होगी।

18 सितंबर से बारिश में कमी के संकेत

मौसम वैज्ञानिकों के पूर्वानुमान के अनुसार, 18 सितंबर से बारिश की गतिविधियों में धीरे-धीरे कमी आने की संभावना है। इस दौरान धूप और बादलों की आवाजाही बनी रह सकती है।

बारिश की गतिविधियों में कमी आने के साथ ही दिन के तापमान में भी धीरे-धीरे बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। हालांकि, स्थानीय स्तर पर बादल बनने और हल्की बारिश की संभावना पूरी तरह समाप्त नहीं होगी।

इसके बाद 19 और 20 सितंबर को मौसम मुख्य रूप से साफ रहने का अनुमान है। इन दिनों धूप खिलने की संभावना जताई गई है। इससे दिन के तापमान में वृद्धि हो सकती है।

21 और 22 सितंबर को बढ़ सकता है तापमान

पूर्वानुमान के मुताबिक 21 और 22 सितंबर को आसमान मुख्य रूप से साफ रहने की संभावना है। बारिश की गतिविधियों में कमी आने के कारण इन दिनों तापमान में करीब 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हो सकती है।

अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान है। ऐसे में बारिश के बाद मिली ठंडक के बावजूद अगले कुछ दिनों में दिन के समय गर्मी और उमस फिर बढ़ सकती है।

मौसम में यह बदलाव सामान्य मौसमी गतिविधियों के अनुरूप देखा जा रहा है। इसलिए लोगों को आने वाले दिनों में तापमान और बारिश दोनों के बदलाव के लिए तैयार रहना होगा।

बारिश से किसानों को भी राहत की उम्मीद

पश्चिमी उत्तर प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में बारिश का असर खेती-किसानी पर भी पड़ता है। पर्याप्त बारिश होने से जहां खेतों में नमी बढ़ती है, वहीं लगातार या बहुत तेज बारिश होने पर जलनिकासी की समस्या पैदा हो सकती है।

ऐसे में किसानों के लिए स्थानीय मौसम पूर्वानुमान पर नजर रखना जरूरी है। खेतों में पानी जमा होने की स्थिति में निकासी की व्यवस्था करना फसलों के लिए उपयोगी हो सकता है।

लोगों से मौसम को लेकर सतर्क रहने की अपील

मेरठ में गुरुवार सुबह हुई बारिश के बाद जहां लोगों को गर्मी और उमस से राहत मिली, वहीं जलभराव ने स्थानीय स्तर पर परेशानी बढ़ाई। आने वाले घंटों में बारिश और आंधी की संभावना को देखते हुए लोगों को मौसम की स्थिति पर नजर रखने की जरूरत है।

कुल मिलाकर, मेरठ और आसपास के जिलों में अगले कुछ घंटों तक बारिश और गरज-चमक का दौर जारी रह सकता है। इसके बाद 18 सितंबर से बारिश की गतिविधियों में कमी आने और 19-20 सितंबर को मौसम अपेक्षाकृत साफ रहने का अनुमान है। वहीं 21 और 22 सितंबर को तापमान में बढ़ोतरी हो सकती है।

इसलिए फिलहाल मेरठ में लोगों को बारिश के दौरान जलभराव वाले क्षेत्रों से सावधानीपूर्वक गुजरने और मौसम संबंधी आधिकारिक अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी जाती है।