कानपुर में जन्माष्टमी पर जे.के. मंदिर की सुरक्षा कड़ी, डीसीपी सेंट्रल ने व्यवस्थाओं का लिया जायजा
रिपोर्ट- विक्की रघुवंशी
कानपुर: श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर्व को देखते हुए कानपुर पुलिस ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुगम आवागमन को लेकर तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में पुलिस उपायुक्त सेंट्रल अतुल कुमार श्रीवास्तव ने जे.के. मंदिर और मंदिर परिसर में आयोजित होने वाले मेले की सुरक्षा, यातायात तथा भीड़ प्रबंधन व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संबंधित पुलिस अधिकारियों को सुरक्षा व्यवस्था को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
जन्माष्टमी के अवसर पर जे.के. मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए पुलिस प्रशासन की ओर से विशेष सुरक्षा व्यवस्था की जा रही है। इसके अलावा मंदिर परिसर में आयोजित होने वाले मेले को ध्यान में रखते हुए भीड़ नियंत्रण, यातायात प्रबंधन और पार्किंग व्यवस्था पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
प्रवेश और निकास मार्गों का लिया जायजा
निरीक्षण के दौरान डीसीपी सेंट्रल ने मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं के प्रवेश और निकास के लिए निर्धारित मार्गों का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों से यह सुनिश्चित करने को कहा कि श्रद्धालुओं के आवागमन के दौरान किसी प्रकार की अव्यवस्था उत्पन्न न हो।
इसके साथ ही प्रवेश और निकास मार्गों पर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती करने के निर्देश दिए गए। पुलिस अधिकारियों को भीड़ की स्थिति पर लगातार नजर रखने और आवश्यकता के अनुसार श्रद्धालुओं की आवाजाही को व्यवस्थित करने के लिए कहा गया।
पुलिस प्रशासन का उद्देश्य है कि जन्माष्टमी के दौरान मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं को दर्शन के लिए सुरक्षित और सुविधाजनक वातावरण उपलब्ध कराया जा सके। इसके लिए प्रमुख स्थानों पर पुलिसकर्मियों की तैनाती के साथ-साथ आवश्यक बैरिकेडिंग की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
भीड़ नियंत्रण पर रहेगा विशेष फोकस
जन्माष्टमी पर्व के दौरान मंदिर में श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने की संभावना रहती है। ऐसे में भीड़ को नियंत्रित करना पुलिस के लिए महत्वपूर्ण जिम्मेदारी होगी। इसी को ध्यान में रखते हुए डीसीपी सेंट्रल ने अधिकारियों को प्रमुख स्थानों पर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि भीड़ के दबाव को देखते हुए पुलिसकर्मी लगातार सक्रिय रहें और श्रद्धालुओं के आवागमन को निर्धारित व्यवस्था के अनुसार संचालित करें। इसके अलावा किसी भी स्थान पर अत्यधिक भीड़ एकत्र न होने देने के लिए आवश्यक प्रबंध पहले से ही पूरे किए जाएं।
वहीं, मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के लिए पुलिस अधिकारियों को लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं।
पार्किंग और यातायात व्यवस्था पर जोर
जन्माष्टमी के अवसर पर जे.के. मंदिर के आसपास वाहनों की संख्या भी बढ़ सकती है। इसे देखते हुए निरीक्षण के दौरान पार्किंग और यातायात व्यवस्था की भी समीक्षा की गई। डीसीपी सेंट्रल ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि वाहनों की पार्किंग को व्यवस्थित रखा जाए, ताकि मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं को जाम या आवागमन संबंधी परेशानी का सामना न करना पड़े।
इसके अलावा श्रद्धालुओं के सुगम आवागमन के लिए आवश्यक यातायात प्रबंधन पहले से पूरा करने को कहा गया। पुलिस अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि यातायात व्यवस्था के लिए निर्धारित स्थानों पर पुलिसकर्मियों की तैनाती सुनिश्चित की जाए और जरूरत के अनुसार यातायात को नियंत्रित किया जाए।
इस दौरान यह भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए कि मंदिर परिसर के आसपास अनावश्यक रूप से वाहन खड़े न हों। इससे आपात स्थिति में आवागमन के लिए रास्ते खुले रखने में मदद मिलेगी।
सीसीटीवी कैमरों से होगी निगरानी
सुरक्षा व्यवस्था के तहत मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की उपलब्धता और कार्यशीलता का भी निरीक्षण किया गया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि सभी महत्वपूर्ण स्थानों पर निगरानी व्यवस्था प्रभावी बनी रहे।
सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से मंदिर परिसर और आसपास के प्रमुख क्षेत्रों पर नजर रखने की व्यवस्था को मजबूत करने पर जोर दिया गया। साथ ही संबंधित पुलिसकर्मियों को कैमरों की लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए गए, ताकि किसी भी असामान्य स्थिति की जानकारी समय रहते मिल सके।
इसके अलावा मंदिर परिसर में उपलब्ध अग्निशमन उपकरणों की स्थिति का भी निरीक्षण किया गया। अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए कि सभी आवश्यक अग्निशमन उपकरण उपलब्ध होने के साथ-साथ कार्यशील स्थिति में रहें।
श्रद्धालुओं की सुविधा का रखा जाएगा ध्यान
पुलिस प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था के साथ-साथ श्रद्धालुओं की सुविधा को भी प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए हैं। डीसीपी सेंट्रल ने अधिकारियों से कहा कि जन्माष्टमी पर्व के दौरान मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समय से पूरी कर ली जाएं।
विशेष रूप से प्रवेश और निकास मार्गों, पार्किंग, यातायात, बैरिकेडिंग तथा भीड़ नियंत्रण की व्यवस्था को प्रभावी बनाने पर जोर दिया गया है। इसके साथ ही पुलिसकर्मियों को श्रद्धालुओं के साथ सहयोगात्मक व्यवहार रखने और आवश्यकता पड़ने पर उनकी सहायता करने के निर्देश दिए गए।
जन्माष्टमी के दौरान मंदिर में होने वाली गतिविधियों को देखते हुए पुलिस की ओर से सुरक्षा व्यवस्था को लेकर लगातार निगरानी बनाए रखने की तैयारी की जा रही है।
अधिकारियों को दिए आवश्यक दिशा-निर्देश
निरीक्षण के दौरान डीसीपी सेंट्रल अतुल कुमार श्रीवास्तव ने संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जन्माष्टमी पर्व के दौरान सुरक्षा व्यवस्था में किसी प्रकार की लापरवाही न हो। इसके लिए सभी विभागीय व्यवस्थाओं को समय से पूरा करने और मौके पर लगातार निगरानी बनाए रखने को कहा गया।
उन्होंने भीड़ नियंत्रण के साथ-साथ यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने पर भी विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। वहीं, मंदिर परिसर में आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस बल की पर्याप्त तैनाती और बैरिकेडिंग व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया।
इसके अलावा सीसीटीवी निगरानी और अग्निशमन उपकरणों की उपलब्धता की नियमित जांच करने के निर्देश भी दिए गए हैं। इस तरह पुलिस प्रशासन जन्माष्टमी पर्व के दौरान सुरक्षा और व्यवस्था को लेकर सभी जरूरी तैयारियां समय से पूरी करने में जुटा है।
निरीक्षण के दौरान मौजूद रहे पुलिस अधिकारी
जे.के. मंदिर की सुरक्षा और यातायात व्यवस्थाओं के निरीक्षण के दौरान सहायक पुलिस आयुक्त स्वरूपनगर, प्रभारी निरीक्षक थाना नजीराबाद, थाना प्रभारी काकादेव सहित संबंधित पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।
पुलिस अधिकारियों ने डीसीपी सेंट्रल को सुरक्षा और यातायात से संबंधित व्यवस्थाओं की जानकारी दी। निरीक्षण के बाद अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि जन्माष्टमी पर्व से पहले सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली जाएं और पर्व के दौरान भी मौके पर लगातार निगरानी रखी जाए।

