बिजनौर में बुलेट के मॉडिफाई साइलेंसर पर पुलिस का शिकंजा, 50 से ज्यादा साइलेंसर उतरवाकर नष्ट
रिपोर्ट- तापिश मिर्जा
बिजनौर। जिले में तेज आवाज करने वाले मॉडिफाई साइलेंसर लगे बुलेट मोटरसाइकिलों के खिलाफ यातायात पुलिस ने विशेष अभियान चलाया। पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई के निर्देशन में चलाए गए इस अभियान के दौरान 50 से अधिक बुलेट मोटरसाइकिलों से मॉडिफाई साइलेंसर उतरवाए गए। इसके बाद इन साइलेंसरों को सड़क पर ही रोलर चलाकर नष्ट कराया गया। वहीं, नियमों का उल्लंघन करने वाले कुछ वाहनों के खिलाफ सीज की कार्रवाई भी की गई।
पुलिस की इस कार्रवाई का उद्देश्य सड़कों पर तेज और असामान्य आवाज करने वाले मॉडिफाई साइलेंसरों के इस्तेमाल पर रोक लगाना है। यातायात पुलिस का कहना है कि ऐसे साइलेंसरों से निकलने वाली तेज आवाज से सड़क पर चलने वाले अन्य लोगों को परेशानी होती है और कई बार यातायात व्यवस्था भी प्रभावित होती है। इसलिए वाहन चालकों को कंपनी की ओर से लगाए गए मानक साइलेंसर का ही इस्तेमाल करने की सलाह दी गई है।
एसपी के निर्देशन में चला विशेष अभियान
बिजनौर में यातायात नियमों को लेकर पुलिस लगातार अभियान चला रही है। इसी क्रम में एसपी कृष्ण कुमार बिश्नोई के निर्देशन में मॉडिफाई साइलेंसरों के खिलाफ विशेष कार्रवाई की गई। अभियान के दौरान यातायात पुलिस की टीम ने ऐसे बुलेट मोटरसाइकिलों को चिन्हित किया, जिनमें कंपनी के निर्धारित साइलेंसर के स्थान पर मॉडिफाई साइलेंसर लगाए गए थे।
जांच के दौरान पुलिस ने 50 से अधिक वाहनों से ऐसे साइलेंसर उतरवाए। कार्रवाई के बाद इन साइलेंसरों को मौके पर ही रोलर से नष्ट कराया गया। पुलिस की इस कार्रवाई को यातायात नियमों के पालन और सड़क पर अनुशासन बनाए रखने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
तेज आवाज वाले साइलेंसरों पर पुलिस की सख्ती
बुलेट मोटरसाइकिलों में मॉडिफाई साइलेंसर लगाकर तेज आवाज निकालने का चलन कई जगहों पर देखने को मिलता है। हालांकि, यातायात पुलिस का कहना है कि सड़क पर वाहन चलाते समय निर्धारित मानकों का पालन करना जरूरी है। किसी भी वाहन में ऐसा बदलाव नहीं किया जाना चाहिए, जिससे उसकी आवाज सामान्य से अधिक हो जाए या अन्य लोगों को असुविधा हो।
बिजनौर यातायात पुलिस ने इसी तरह के मामलों पर कार्रवाई करते हुए मॉडिफाई साइलेंसर हटवाए। पुलिस के मुताबिक अभियान का मकसद किसी वर्ग विशेष को निशाना बनाना नहीं, बल्कि यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित करना और आम लोगों को अनावश्यक तेज आवाज से होने वाली परेशानी से राहत दिलाना है।
मौके पर मौजूद रहे यातायात सीओ गौतम राय
इस अभियान के दौरान यातायात सीओ गौतम राय की मौजूदगी में कार्रवाई की गई। यातायात पुलिस की टीम ने मौके पर वाहनों की जांच की और नियमों के विपरीत पाए गए मॉडिफाई साइलेंसरों को हटवाया। इसके बाद उन्हें दोबारा इस्तेमाल न किए जा सकने की स्थिति में लाने के लिए रोलर से नष्ट कराया गया।
इसके साथ ही पुलिस ने नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की। कुछ वाहनों को सीज किए जाने की कार्रवाई भी जारी रही। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आगे भी अभियान जारी रखा जाएगा।
कंपनी के मानक साइलेंसर का इस्तेमाल करने की अपील
यातायात पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे अपने वाहनों में कंपनी द्वारा निर्धारित मानक साइलेंसर का ही इस्तेमाल करें। वाहन के मूल ढांचे या निर्धारित मानकों में अनधिकृत बदलाव से बचने की सलाह भी दी गई है।
पुलिस ने कहा कि सड़क पर वाहन चलाते समय केवल अपनी सुविधा का ध्यान रखना पर्याप्त नहीं है। दूसरे वाहन चालकों, पैदल यात्रियों और आसपास रहने वाले लोगों की सुविधा का भी ध्यान रखना जरूरी है। इसलिए वाहन में ऐसे बदलाव नहीं किए जाने चाहिए, जिनसे अनावश्यक तेज आवाज पैदा हो।
यातायात नियमों के पालन पर जोर
दरअसल, यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए वाहन चालकों का नियमों का पालन करना बेहद जरूरी है। हेलमेट, सीट बेल्ट, निर्धारित गति सीमा और वाहन के जरूरी दस्तावेजों के साथ-साथ वाहन में निर्धारित मानकों के अनुरूप उपकरणों का इस्तेमाल भी महत्वपूर्ण है।
इसी दिशा में बिजनौर यातायात पुलिस द्वारा चलाया गया मॉडिफाई साइलेंसर विरोधी अभियान भी देखा जा रहा है। पुलिस का कहना है कि सड़क सुरक्षा केवल चालान या कार्रवाई तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य लोगों में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाना भी है।
आगे भी जारी रह सकता है अभियान
बिजनौर पुलिस की ओर से की गई इस कार्रवाई के बाद माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में भी मॉडिफाई साइलेंसर और यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के खिलाफ जांच अभियान जारी रह सकता है। पुलिस टीम सार्वजनिक स्थानों और प्रमुख मार्गों पर ऐसे वाहनों की जांच कर सकती है।
यातायात पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे कार्रवाई से बचने के लिए नहीं, बल्कि सड़क पर सुरक्षित और जिम्मेदार यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए नियमों का पालन करें। विशेष रूप से बुलेट मोटरसाइकिल चालकों से कहा गया है कि वे कंपनी के मानक साइलेंसर का ही प्रयोग करें और वाहन से अनावश्यक तेज आवाज न निकालें।
बिजनौर में 50 से अधिक मॉडिफाई साइलेंसरों को हटाकर नष्ट किए जाने की कार्रवाई से पुलिस ने साफ संकेत दिया है कि यातायात नियमों के उल्लंघन को लेकर सख्ती जारी रहेगी। साथ ही, वाहन चालकों से नियमों का पालन करने और सड़क पर दूसरों की सुविधा का ध्यान रखने की अपील की गई है।

