कानपुर में दिव्यांगों की समस्याओं को लेकर बड़ी नाराजगी, महापौर से नहीं मिल सके भारत दिव्यांग सेवा के अध्यक्ष
रिपोर्ट – विवेक कृष्ण दीक्षित
कानपुर: दिव्यांगजनों की समस्याओं और आगामी दिव्यांग दिवस के कार्यक्रम स्थल पर साफ-सफाई व अतिक्रमण हटाने की मांग को लेकर भारत दिव्यांग सेवा ने एक बार फिर अपनी आवाज उठाई है। संस्था के संस्थापक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रदीप श्रीवास्तव अपनी मांगों के संबंध में महापौर प्रमिला पांडे से मिलने नगर निगम पहुंचे, लेकिन उनकी मुलाकात महापौर से नहीं हो सकी। इसके बाद उन्होंने नाराजगी जताते हुए कहा कि दिव्यांगजनों की समस्याओं के समाधान को लेकर जिम्मेदार जनप्रतिनिधियों से अपेक्षित सहयोग नहीं मिल रहा है।
प्रदीप श्रीवास्तव के मुताबिक, संस्था की ओर से पहले विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना के आवास का घेराव कर कार्यक्रम स्थल पर साफ-सफाई कराने और अतिक्रमण हटाने की मांग उठाई गई थी। उनका कहना है कि उस दौरान विधानसभा अध्यक्ष की ओर से मामले को महापौर प्रमिला पांडे के स्तर से संबंधित बताया गया था। इसी के बाद संस्था के पदाधिकारी नगर निगम पहुंचे, ताकि महापौर के सामने दिव्यांगजनों की समस्याएं रखी जा सकें।
दिव्यांग दिवस से पहले सफाई और अतिक्रमण हटाने की मांग
भारत दिव्यांग सेवा की ओर से आने वाले दिव्यांग दिवस के कार्यक्रम को लेकर तैयारियों और व्यवस्थाओं पर जोर दिया जा रहा है। संस्था की मांग है कि कार्यक्रम स्थल पर साफ-सफाई कराई जाए और वहां मौजूद अतिक्रमण हटाया जाए, जिससे दिव्यांगजनों को कार्यक्रम में शामिल होने के दौरान किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
संस्था के पदाधिकारियों का कहना है कि सार्वजनिक कार्यक्रमों में दिव्यांगजनों की सुविधा का विशेष ध्यान रखा जाना चाहिए। इसके लिए कार्यक्रम स्थल तक पहुंचने का रास्ता सुगम होना, आसपास सफाई रहना और अनावश्यक अवरोधों को हटाना जरूरी है। इन व्यवस्थाओं से दिव्यांगजनों को कार्यक्रम में भाग लेने में सुविधा मिल सकती है।
इसी उद्देश्य से संस्था ने पहले विधानसभा अध्यक्ष के आवास पर अपनी मांगें रखी थीं। हालांकि, प्रदीप श्रीवास्तव के अनुसार, वहां से उन्हें महापौर प्रमिला पांडे से संपर्क करने की बात कही गई। इसके बाद वह नगर निगम पहुंचे, लेकिन मुलाकात नहीं हो सकी।
नगर निगम पहुंचे प्रदीप श्रीवास्तव, महापौर से नहीं हुई मुलाकात
संस्था के संस्थापक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रदीप श्रीवास्तव ने बताया कि वह महापौर प्रमिला पांडे से मिलने के लिए पहले से समय लेकर नगर निगम पहुंचे थे। उनका आरोप है कि लगातार मुलाकात का समय दिए जाने के बावजूद उन्हें महापौर से मिलने का अवसर नहीं मिल पा रहा है।
उन्होंने कहा कि इस बार भी समय मिलने के आधार पर वह अपनी समस्याएं लेकर नगर निगम पहुंचे थे, लेकिन मुलाकात नहीं हो सकी। इससे संस्था के पदाधिकारियों में नाराजगी है। प्रदीप श्रीवास्तव के मुताबिक, संस्था का उद्देश्य दिव्यांगजनों से जुड़ी समस्याओं को संबंधित अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों तक पहुंचाकर उनका समाधान कराना है।
हालांकि, महापौर की ओर से मुलाकात नहीं हो पाने के कारणों या इस मामले पर उनकी प्रतिक्रिया की जानकारी उपलब्ध नहीं है। ऐसे में संस्था की ओर से लगाए गए आरोपों के संबंध में नगर निगम प्रशासन का पक्ष सामने आना भी महत्वपूर्ण होगा।
जनप्रतिनिधियों की भूमिका पर उठाए सवाल
प्रदीप श्रीवास्तव ने दिव्यांगजनों की समस्याओं को लेकर विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना और महापौर प्रमिला पांडे की भूमिका पर नाराजगी जताई। उनका कहना है कि दिव्यांगजनों को अपनी मांगों के समाधान के लिए बार-बार प्रयास करना पड़ रहा है, लेकिन उन्हें अपेक्षित सहयोग नहीं मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि दिव्यांगजनों की समस्याओं को गंभीरता से लिया जाना चाहिए। साफ-सफाई, अतिक्रमण और सार्वजनिक कार्यक्रमों में सुविधाओं से जुड़े मुद्दे ऐसे हैं, जिनका समाधान संबंधित विभागों के समन्वय से किया जा सकता है।
दिव्यांगजनों के लिए सार्वजनिक स्थलों को सुगम बनाना महत्वपूर्ण है। यदि रास्तों पर अतिक्रमण हो या कार्यक्रम स्थल के आसपास सफाई की व्यवस्था ठीक न हो, तो लोगों को आने-जाने में परेशानी हो सकती है। इसलिए संस्था चाहती है कि दिव्यांग दिवस से पहले इन समस्याओं पर ध्यान दिया जाए और जरूरी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं।
22 तारीख को जीटी रोड जाम करने की चेतावनी
महापौर से मुलाकात नहीं होने के बाद प्रदीप श्रीवास्तव ने घोषणा की कि यदि उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया, तो आने वाली 22 तारीख को दिव्यांगजन जीटी रोड पर जाम लगाकर विरोध प्रदर्शन करेंगे। उन्होंने कहा कि संस्था अपनी मांगों को लेकर आंदोलन जारी रखेगी।
प्रदीप श्रीवास्तव ने चेतावनी दी कि प्रस्तावित प्रदर्शन की जिम्मेदारी संबंधित जनप्रतिनिधियों की होगी। उनका कहना है कि संस्था बातचीत के माध्यम से समस्याओं का समाधान चाहती है, लेकिन लगातार मुलाकात नहीं हो पाने के कारण दिव्यांगजनों में असंतोष बढ़ रहा है।
हालांकि, प्रस्तावित प्रदर्शन की तारीख के साथ महीने और समय की स्पष्ट जानकारी उपलब्ध नहीं कराई गई है। इसके अलावा, प्रशासन की ओर से इस संभावित प्रदर्शन को लेकर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया भी सामने नहीं आई है।
दिव्यांगजनों की सुविधाओं पर ध्यान देने की मांग
भारत दिव्यांग सेवा की मांगों के केंद्र में दिव्यांग दिवस के कार्यक्रम स्थल की साफ-सफाई और अतिक्रमण हटाने का मुद्दा है। संस्था चाहती है कि संबंधित विभाग समय रहते आवश्यक कदम उठाएं, ताकि कार्यक्रम में शामिल होने वाले दिव्यांगजनों को सुविधाजनक वातावरण मिल सके।
वहीं, इस मामले में संस्था और नगर निगम प्रशासन के बीच संवाद होना जरूरी है। यदि संस्था की शिकायतों पर संबंधित अधिकारियों के साथ बैठक होती है, तो समस्याओं को स्पष्ट रूप से समझकर समाधान की दिशा में आगे बढ़ा जा सकता है।
फिलहाल, प्रदीप श्रीवास्तव ने महापौर से मुलाकात नहीं हो पाने पर नाराजगी जताते हुए 22 तारीख को जीटी रोड जाम करने की चेतावनी दी है। अब यह देखना होगा कि संस्था की मांगों पर संबंधित प्रशासनिक अधिकारी क्या कदम उठाते हैं और प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन से पहले बातचीत के जरिए कोई समाधान निकलता है या नहीं।

