मेरठ के करनाल हाईवे पर हुआ दर्दनाक हादसा, ट्रक की टक्कर से कॉलेज लिपिक समेत तीन की मौत; एक घायल
रिपोर्ट – मनीष पाराशर
मेरठ: उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले में सरधना थाना क्षेत्र के दबथुआ गांव के पास मेरठ-करनाल हाईवे पर रविवार रात एक सड़क हादसे में तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि एक अन्य व्यक्ति घायल हो गया। मृतकों में किसान इंटर कॉलेज में कार्यरत लिपिक समेत तीन ग्रामीण शामिल हैं। हादसे की खबर मिलते ही गांव में शोक की लहर दौड़ गई। वहीं, पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और फरार ट्रक चालक की तलाश में टीमें लगाई गई हैं।
पुलिस के अनुसार, यह हादसा 11 अक्टूबर 2026 की रात करीब 10:30 बजे हुआ। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, हाईवे पर एक ट्रक और बल्ली से भरे टेंपो से जुड़े घटनाक्रम के दौरान चार लोग इसकी चपेट में आ गए। टक्कर में तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि चौथा व्यक्ति घायल हो गया। पुलिस ने मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर पंचायतनामा की कार्रवाई पूरी की और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
मेरठ-करनाल हाईवे पर कैसे हुआ हादसा?
जानकारी के मुताबिक, रविवार रात दबथुआ गांव के पास मेरठ-करनाल हाईवे पर यह दुर्घटना हुई। बताया गया है कि गांव से बल्ली से भरा एक टेंपो बाहर निकल रहा था। इसी दौरान हाईवे पर ट्रक से उसकी टक्कर हो गई और हादसे में वहां मौजूद चार लोग प्रभावित हुए।
घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलने पर सरधना थाना पुलिस मौके पर पहुंची और राहत एवं आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने तीनों मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। वहीं, घायल व्यक्ति को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया।
हादसे के सटीक कारणों और घटनाक्रम की विस्तृत जानकारी पुलिस की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल, पुलिस दुर्घटना से जुड़े तथ्यों की पड़ताल कर रही है।
कॉलेज लिपिक समेत तीन ग्रामीणों की मौत
इस हादसे में जान गंवाने वाले तीनों लोग मेरठ जिले के दबथुआ गांव के निवासी थे। मृतकों की पहचान इस प्रकार हुई है:
- रमेश (55 वर्ष): रमेश पुत्र हरपाल मुरादनगर स्थित किसान इंटर कॉलेज में लिपिक के पद पर कार्यरत थे।
- सुशील (47 वर्ष): सुशील पुत्र विजय गांव में परचून की दुकान चलाते थे।
- अमर (30 वर्ष): अमर पुत्र मुखिया मजदूरी करके अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे।
एक ही गांव के तीन लोगों की मौत से उनके परिवारों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। रमेश कॉलेज में नौकरी करते थे, जबकि सुशील अपनी दुकान के माध्यम से परिवार की जिम्मेदारियां निभा रहे थे। दूसरी ओर, अमर मजदूरी करके अपने परिवार की आजीविका चलाते थे।
हादसे के बाद गांव में शोक का माहौल है। ग्रामीणों और परिचितों के बीच घटना को लेकर दुख व्यक्त किया जा रहा है। मृतकों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
घायल रोहित का अस्पताल में चल रहा उपचार
हादसे में चौथे व्यक्ति की पहचान रोहित के रूप में बताई गई है। दुर्घटना में घायल होने के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। एसपी देहात अभिजीत कुमार के अनुसार, घायल व्यक्ति की हालत सामान्य है और वह खतरे से बाहर है।
पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और आवश्यक कार्रवाई की। तीनों मृतकों के शवों का पंचायतनामा भरने के बाद उन्हें पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भेजा गया। पोस्टमार्टम और अन्य कानूनी औपचारिकताओं के बाद शव परिजनों को सौंपे जाने की प्रक्रिया नियमानुसार पूरी की जाएगी।
ट्रक चालक की तलाश में जुटी पुलिस
हादसे के बाद ट्रक चालक के मौके से फरार होने की जानकारी सामने आई है। पुलिस ने ट्रक को अपने कब्जे में ले लिया है और चालक की तलाश की जा रही है। मामले में संबंधित कानूनी धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज करने की कार्रवाई की जा रही है।
एसपी देहात अभिजीत कुमार ने बताया कि 11 अक्टूबर 2026 को सरधना थाना क्षेत्र के दबथुआ गांव से दुर्घटना की सूचना मिली थी। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, गांव से बल्ली से भरा टेंपो बाहर निकलने के दौरान हाईवे पर ट्रक से दुर्घटना हुई। इसमें सुशील, रमेश और अमर की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनके साथ मौजूद एक अन्य व्यक्ति घायल हो गया।
उन्होंने बताया कि घायल की हालत अब सामान्य है और वह खतरे से बाहर है। तीनों मृतकों के शवों का पंचायतनामा भरकर मोर्चरी भेज दिया गया है। मामले में सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज करने की कार्रवाई की जा रही है। साथ ही, ट्रक चालक की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें गठित की गई हैं। चालक को गिरफ्तार करने के बाद आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
दबथुआ गांव में शोक का माहौल
एक ही गांव के तीन लोगों की अचानक मौत की खबर से दबथुआ में सन्नाटा पसरा हुआ है। घटना ने तीनों परिवारों को गहरे दुख में डाल दिया है। गांव के लोग मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त कर रहे हैं।
त्योहारों के मौसम में हुई इस दुर्घटना ने ग्रामीणों को झकझोर दिया है। जिन परिवारों में रोजमर्रा की जिंदगी सामान्य रूप से चल रही थी, वहां अब अपनों को खोने का दुख है। रमेश, सुशील और अमर की मौत से उनके परिजनों के सामने भावनात्मक और पारिवारिक चुनौतियां भी खड़ी हो गई हैं।
हाईवे पर सावधानी बरतने की जरूरत
मेरठ-करनाल हाईवे पर हुआ यह हादसा सड़क सुरक्षा के महत्व को भी सामने लाता है। हाईवे पर वाहन तेज गति से चलते हैं, इसलिए सड़क पार करते समय और किसी वाहन को मुख्य मार्ग पर लाते समय अतिरिक्त सावधानी जरूरी है। चालकों को गति सीमा का पालन करना चाहिए और सड़क पर चल रहे अन्य लोगों की सुरक्षा का ध्यान रखना चाहिए।
हालांकि, इस दुर्घटना के वास्तविक कारणों का निर्धारण पुलिस की जांच के बाद ही होगा। फिलहाल, पुलिस फरार चालक की तलाश और मामले की कानूनी कार्रवाई में जुटी है।
निष्कर्ष: मेरठ के दबथुआ गांव के पास मेरठ-करनाल हाईवे पर हुए हादसे में कॉलेज लिपिक रमेश समेत तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि रोहित घायल हुए हैं। पुलिस ने ट्रक को कब्जे में लेकर चालक की तलाश शुरू कर दी है। घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है और लोग मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना जता रहे हैं।

