कानपुर की रतन प्लेनेट सोसायटी में डांडिया की धूम, माता रानी की ज्योति प्रज्ज्वलित कर हुआ शुभारंभ

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रिपोर्ट – हनुमंत सिंह 

कानपुर: नवरात्रि के पावन अवसर पर जीटी रोड स्थित नारामऊ की रतन प्लेनेट सोसायटी में भव्य डांडिया कार्यक्रम का आयोजन किया गया। माता रानी की आराधना, रंग-बिरंगी रोशनी और मधुर संगीत के बीच आयोजित इस कार्यक्रम में सोसायटी के निवासियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। जैसे ही डांडिया की धुनें गूंजनी शुरू हुईं, पूरा परिसर भक्ति और उत्सव के रंग में रंग गया। महिलाओं, बच्चों और युवाओं ने पारंपरिक अंदाज में डांडिया नृत्य कर नवरात्रि का उल्लास मनाया।

कार्यक्रम में धार्मिक आस्था के साथ सांस्कृतिक परंपराओं की भी सुंदर झलक देखने को मिली। माता रानी की प्रतिमा के सामने आकर्षक सजावट की गई थी। वहीं, रोशनी और संगीत ने आयोजन के माहौल को और भी खास बना दिया। सोसायटी के लोगों ने परिवार के साथ कार्यक्रम में शामिल होकर नवरात्रि के उत्सव का आनंद लिया। इसके साथ ही, आयोजन ने निवासियों को एक-दूसरे से जुड़ने और सामूहिक रूप से त्योहार मनाने का अवसर भी प्रदान किया।

माता रानी की ज्योति प्रज्ज्वलित कर हुआ कार्यक्रम का शुभारंभ

रतन प्लेनेट सोसायटी में आयोजित डांडिया कार्यक्रम का शुभारंभ सोसायटी के अध्यक्ष अजय अनमोल ने माता रानी के समक्ष ज्योति प्रज्ज्वलित करके किया। इसके बाद माता रानी की आराधना के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शुरुआत हुई। जैसे-जैसे संगीत की धुनें तेज हुईं, वैसे-वैसे डांडिया खेलने के लिए लोगों का उत्साह भी बढ़ता गया।

कार्यक्रम में महिलाओं, बच्चों और सोसायटी के अन्य निवासियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। पारंपरिक डांडिया संगीत पर लोगों ने ताल से ताल मिलाकर नृत्य किया। इस दौरान परिसर में भक्ति, उमंग और उल्लास का माहौल बना रहा। परिवारों ने भी आयोजन में भागीदारी करते हुए एक साथ त्योहार मनाने की खुशी साझा की।

नवरात्रि के दौरान डांडिया और गरबा जैसे सांस्कृतिक कार्यक्रमों का विशेष महत्व होता है। ये आयोजन धार्मिक आस्था को व्यक्त करने के साथ ही भारतीय लोक परंपराओं को आगे बढ़ाने का अवसर भी देते हैं। रतन प्लेनेट सोसायटी का यह कार्यक्रम भी इसी भावना के साथ आयोजित किया गया।

महिलाओं की सामूहिक प्रस्तुति रही आकर्षण का केंद्र

कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण महिलाओं की सामूहिक डांडिया प्रस्तुति रही। इस प्रस्तुति को विशेष बनाने के लिए महिलाओं ने करीब 15 दिनों तक अभ्यास किया था। उनके समन्वय, तालमेल और उत्साह से भरपूर नृत्य ने उपस्थित लोगों का ध्यान आकर्षित किया।

संगीत की लय पर एक साथ डांडिया करती महिलाओं की प्रस्तुति को दर्शकों ने खूब सराहा। प्रस्तुति पूरी होने पर उपस्थित लोगों ने तालियां बजाकर उनका उत्साहवर्धन किया। लंबे अभ्यास के बाद तैयार की गई इस प्रस्तुति ने कार्यक्रम में सांस्कृतिक रंग भर दिए।

इसके अलावा, बच्चों और अन्य निवासियों ने भी डांडिया नृत्य में भाग लिया। अलग-अलग आयु वर्ग के लोगों की सहभागिता से आयोजन पारिवारिक उत्सव का रूप लेता नजर आया। बच्चों की खुशी और महिलाओं के उत्साह ने कार्यक्रम को यादगार बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

अजय अनमोल ने निवासियों को दी बधाई

इस अवसर पर सोसायटी के अध्यक्ष अजय अनमोल ने पदाधिकारियों और गणमान्य नागरिकों का सम्मान किया। उन्होंने कार्यक्रम की सफलता पर सोसायटी के सभी निवासियों को बधाई दी। साथ ही, आयोजन में योगदान देने वाले लोगों की सहभागिता की सराहना की।

अजय अनमोल ने कहा कि ऐसे सांस्कृतिक कार्यक्रम लोगों को आपस में जोड़ने का काम करते हैं। इनके माध्यम से आपसी मेलजोल बढ़ता है और भाईचारे की भावना मजबूत होती है। जब सोसायटी के लोग मिलकर त्योहार मनाते हैं, तो इससे सामाजिक एकता और सामूहिक सहभागिता को बढ़ावा मिलता है।

उन्होंने यह भी कहा कि त्योहार केवल धार्मिक अनुष्ठानों तक सीमित नहीं होते, बल्कि वे लोगों को एक-दूसरे के करीब आने और खुशियां साझा करने का अवसर भी देते हैं। इसी उद्देश्य से सोसायटी में नवरात्रि के अवसर पर डांडिया कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें निवासियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया।

20 अक्टूबर को होगा भव्य दशहरा उत्सव

डांडिया कार्यक्रम के दौरान सोसायटी के अध्यक्ष अजय अनमोल ने आगामी दशहरा उत्सव की जानकारी भी दी। उन्होंने बताया कि असत्य पर सत्य की विजय के प्रतीक दशहरा पर्व के अवसर पर 20 अक्टूबर को रतन प्लेनेट सोसायटी में भव्य दशहरा उत्सव आयोजित किया जाएगा।

इस घोषणा के बाद सोसायटी के निवासियों में आगामी कार्यक्रम को लेकर भी उत्साह देखने को मिला। नवरात्रि और दशहरा जैसे पर्व भारतीय संस्कृति में विशेष स्थान रखते हैं। इन अवसरों पर आयोजित होने वाले कार्यक्रम धार्मिक आस्था के साथ-साथ सांस्कृतिक मूल्यों को भी मजबूत करते हैं।

ऐसे आयोजन बच्चों और युवाओं को भारतीय त्योहारों की परंपराओं से परिचित कराने का माध्यम भी बनते हैं। इसके साथ ही, सोसायटी के लोगों को सामूहिक रूप से भागीदारी करने और सामाजिक संबंधों को मजबूत करने का अवसर मिलता है।

मनोरंजक खेलों ने बढ़ाया कार्यक्रम का उत्साह

डांडिया नृत्य के साथ कार्यक्रम में मनोरंजक गतिविधियों का भी आयोजन किया गया। एंकर ने खेलों और मनोरंजक प्रस्तुतियों के माध्यम से बच्चों, महिलाओं तथा अन्य निवासियों को कार्यक्रम से जोड़े रखा। इससे पूरे आयोजन में हंसी-खुशी और उत्साह का माहौल बना रहा।

डांडिया, संगीत और मनोरंजक खेलों के बीच लोगों ने परिवार और मित्रों के साथ समय बिताया। वहीं, सोसायटी के निवासियों की सक्रिय भागीदारी ने आयोजन को सामूहिक उत्सव का रूप दिया। कार्यक्रम में धार्मिक श्रद्धा और सांस्कृतिक मनोरंजन का संतुलित संगम देखने को मिला।

आयोजन के समापन पर विशाल भंडारे और भोज की व्यवस्था की गई। इसमें सोसायटी के निवासियों और गणमान्य लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। इस दौरान लोगों ने एक-दूसरे से मुलाकात की और त्योहार की खुशियां साझा कीं।

कुल मिलाकर, नारामऊ स्थित रतन प्लेनेट सोसायटी का नवरात्रि डांडिया कार्यक्रम धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक परंपरा और सामाजिक एकता का प्रतीक बना। माता रानी की ज्योति प्रज्ज्वलित होने से शुरू हुआ यह आयोजन देर रात तक उत्साह और उल्लास के साथ चलता रहा। अब सोसायटी के निवासी 20 अक्टूबर को होने वाले दशहरा उत्सव की तैयारियों को लेकर भी उत्साहित हैं।

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